Sunday, 25 October 2026
BREAKING
• पंजाब चुनाव से पहले कांग्रेस को झटका, रमिंदर सिंह आवला ने थामा शिरोमणि अकाली दल का दामन • युद्ध कहीं भी हो, शांति हर जगह खतरे में पड़ती है: चिन्मय अमृत महोत्सव ग्लोबल सम्मेलन में जयशंकर • 'वोकल फॉर लोकल' से आत्मनिर्भर भारत का सपना होगा पूरा, स्थानीय कारीगरों के उत्पादों को दें प्राथमिकता: पीएम मोदी • ईरानी तेल टैंकर पर सवार चालक दल के सदस्य पड़े बीमार, श्रीलंका से मांगी मदद • किम जोंग उन ने बीजिंग के साथ संबंध मजबूत करने का लिया संकल्प, अचानक पहुंचे चीनी शहर • ब्राजील में राष्ट्रपति चुनाव: दूसरे चरण का मतदान आज, लूला और बोल्सोनारो के बीच कांटे की टक्कर • एलन मस्क ने एक्स मनी के नए फीचर का किया ऐलान, लाइक बटन से यूजर भेज पाएंगे डॉलर • महंगे कच्चे तेल का असर! विदेशी निवेशकों ने अक्टूबर में 53,337 करोड़ रुपए इक्विटी से निकाले • 27 अक्टूबर को होगा मैट हेनरी और लॉकी फर्ग्यूसन की चोट का स्कैन, काइल जैमीसन खेलेंगे तीसरा टी20 मुकाबला • शाहीन अफरीदी के नाम जुड़ी बड़ी उपलब्धि, वनडे में सबसे तेज 150 विकेट लेने वाले बने पाकिस्तानी तेज गेंदबाज

राष्ट्रीय

दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर से बेहतर होगी कनेक्टिविटी; पैदा होंगे व्यापार, निवेश और रोजगार के नए अवसर: नितिन गडकरी

Updated on Tuesday, April 14, 2026 20:44 PM IST

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को देहरादून में दिल्ली-देहरादून आर्थिक गलियारे का उद्घाटन किया। करीब 213 किलोमीटर लंबे इस एक्सप्रेसवे को 12,000 करोड़ रुपए से अधिक की लागत से विकसित किया गया है। यह कॉरिडोर दिल्ली, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड से होकर गुजरता है और इसके चालू होने के बाद दिल्ली से देहरादून की यात्रा का समय लगभग छह घंटे से घटकर सिर्फ ढाई घंटे रह जाएगा।

गडकरी ने कहा
उद्घाटन कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने इस परियोजना के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि यह केवल एक सड़क परियोजना नहीं है, बल्कि देश के आर्थिक विकास को गति देने वाला एक बड़ा माध्यम है। उन्होंने बताया कि इस कॉरिडोर से पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और रोजगार के अवसरों में भी उल्लेखनीय वृद्धि होगी।

उत्तराखंड जैसे पर्यटन-प्रधान राज्य के लिए यह परियोजना एक बड़ी सौगात
गडकरी ने बताया कि इस दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर से प्रमुख पर्यटन स्थलों और आर्थिक केंद्रों के बीच बेहतर कनेक्टिविटी स्थापित होगी, जिससे व्यापार, निवेश और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। खासतौर पर उत्तराखंड जैसे पर्यटन-प्रधान राज्य के लिए यह परियोजना एक बड़ी सौगात है। उन्होंने बताया कि इस एक्सप्रेसवे के बनने से उत्तराखंड में आर्थिक, सामाजिक और औद्योगिक विकास के नए द्वार खुलेंगे। बेहतर कनेक्टिविटी से निवेश बढ़ेगा, उद्योगों को प्रोत्साहन मिलेगा और स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। यह परियोजना खासतौर पर उन लोगों के लिए लाभकारी साबित होगी, जो नियमित रूप से दिल्ली और देहरादून के बीच यात्रा करते हैं।

इस एक्सप्रेसवे से देहरादून, हरिद्वार और ऋषिकेश जैसे प्रमुख शहरों तक आसानी से पहुंचेंगे
केंद्रीय मंत्री ने आगे कहा कि इस एक्सप्रेसवे से देहरादून, हरिद्वार और ऋषिकेश जैसे प्रमुख शहरों तक पहुंच आसान हो जाएगी, जिससे राज्य में पर्यटन को नई गति मिलने की उम्मीद है। यह 6-लेन ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे से शुरू होकर अक्षरधाम, शास्त्री पार्क, खजूरी खास, बागपत, शामली, मुजफ्फरनगर और सहारनपुर होते हुए देहरादून तक जाता है, जिससे पूरे क्षेत्र के विकास को नई रफ्तार मिलेगी।

सहारनपुर बाईपास से हरिद्वार तक 51 किलोमीटर लंबे 6-लेन सुपररोड का उद्घाटन भी जून में होगा
इसके अलावा, केंद्रीय मंत्री ने बताया कि सहारनपुर बाईपास से हरिद्वार तक 51 किलोमीटर लंबे 6-लेन सुपररोड का उद्घाटन भी जून में किया जाएगा, जिससे क्षेत्र की कनेक्टिविटी और मजबूत होगी। गडकरी ने कहा, “नीति, अर्थव्यवस्था और पारिस्थितिकी, ये तीनों हमारे समाज का महत्वपूर्ण स्तंभ हैं। एक तरफ हमें विकास करना है तो वहीं दूसरी ओर पारिस्थितिकी और पर्यावरण का संरक्षण भी करना है।

इस परियोजना से बागपत, शामली और सहारनपुर में औद्योगिक विकास को बढ़ावा मिलेगा
आपको बता दें, दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर प्रमुख पर्यटन और आर्थिक केंद्रों के बीच संपर्क बढ़ाएगा। चार धाम, ऋषिकेश, हरिद्वार और मसूरी तक पहुंच आसान कर पर्यटन को नई ऊर्जा देगा। इस परियोजना से बागपत, शामली और सहारनपुर में औद्योगिक विकास को बढ़ावा मिलेगा। रोजगार सृजन के अवसर निर्मित होंगे। सहारनपुर के लकड़ी नक्काशी और मुजफ्फरनगर के कागज उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा। कृषि उत्पादों की तेज आवाजाही संभव होगी और किसानों की आय में वृद्धि होगी। स्वास्थ्य, शिक्षा केंद्रों तक पहुंच आसान होगी और जीवन स्तर में सुधार होगा। यह कॉरिडोर पूरे क्षेत्र में व्यापार और विकास के नए रास्ते खोलकर क्षेत्रीय आर्थिक विकास को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

Have something to say? Post your comment
युद्ध कहीं भी हो, शांति हर जगह खतरे में पड़ती है: चिन्मय अमृत महोत्सव ग्लोबल सम्मेलन में जयशंकर

: युद्ध कहीं भी हो, शांति हर जगह खतरे में पड़ती है: चिन्मय अमृत महोत्सव ग्लोबल सम्मेलन में जयशंकर

'वोकल फॉर लोकल' से आत्मनिर्भर भारत का सपना होगा पूरा, स्थानीय कारीगरों के उत्पादों को दें प्राथमिकता: पीएम मोदी

: 'वोकल फॉर लोकल' से आत्मनिर्भर भारत का सपना होगा पूरा, स्थानीय कारीगरों के उत्पादों को दें प्राथमिकता: पीएम मोदी

संयुक्त राष्ट्र दिवस पर भारत के विदेश मंत्री जयशंकर बोले, आज की दुनिया के मुताबिक बहुपक्षीय व्यवस्था में सुधार जरूरी

: संयुक्त राष्ट्र दिवस पर भारत के विदेश मंत्री जयशंकर बोले, आज की दुनिया के मुताबिक बहुपक्षीय व्यवस्था में सुधार जरूरी

प्रधानमंत्री मोदी ने आईटीबीपी के 65वें स्थापना दिवस के अवसर पर सभी जवानों को दी बधाई

: प्रधानमंत्री मोदी ने आईटीबीपी के 65वें स्थापना दिवस के अवसर पर सभी जवानों को दी बधाई

आरएमएल अस्पताल के 666 बेड वाले सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक को फायर सेफ्टी क्लीयरेंस

: आरएमएल अस्पताल के 666 बेड वाले सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक को फायर सेफ्टी क्लीयरेंस

वित्त मंत्री सीतारमण ने नई दिल्ली में वित्तीय स्थिरता एवं विकास परिषद की 30वीं बैठक की अध्यक्षता की

: वित्त मंत्री सीतारमण ने नई दिल्ली में वित्तीय स्थिरता एवं विकास परिषद की 30वीं बैठक की अध्यक्षता की

गृह मंत्रालय 12 राज्यों में 60,000 स्वयंसेवकों का नागरिक सुरक्षा नेटवर्क तैयार करेगा

: गृह मंत्रालय 12 राज्यों में 60,000 स्वयंसेवकों का नागरिक सुरक्षा नेटवर्क तैयार करेगा

दिल्ली के 48 गांवों को मिलेगा ‘शहरी’ दर्जा, रेखा गुप्ता सरकार ने विकास की दिशा में लिया ऐतिहासिक निर्णय

: दिल्ली के 48 गांवों को मिलेगा ‘शहरी’ दर्जा, रेखा गुप्ता सरकार ने विकास की दिशा में लिया ऐतिहासिक निर्णय

आर्मी कमांडर्स कांफ्रेंस में भविष्य के युद्धों पर मंथन, ‘लैंड वॉरफेयर डॉक्ट्रिन’ जारी

: आर्मी कमांडर्स कांफ्रेंस में भविष्य के युद्धों पर मंथन, ‘लैंड वॉरफेयर डॉक्ट्रिन’ जारी

भारत यूरोप को रक्षा सामान निर्यात करने वाला तीसरा सबसे बड़ा देश बना: रक्षा सचिव

: भारत यूरोप को रक्षा सामान निर्यात करने वाला तीसरा सबसे बड़ा देश बना: रक्षा सचिव

X