Sunday, 25 October 2026
BREAKING
• पंजाब रोडवेज, पनबस/PRTC के कच्चे कर्मचारियों की हड़ताल खत्म! बस सर्विस बहाल • चंडीगढ़ में Student नैतिक ह/त्याकांड के शूटर का Encounter! पुलिस ने किए खुलासे • परविंदर झोटा मामले में नया विवाद, पिता भीम सिंह ने लगाए गंभीर आरोप • पंजाब में बच्चों तक कैसे पहुंच रहा नशा, CM Mann दे जवाब : तरुण चुघ • अमित शाह के चंडीगढ़ दौरे की तैयारी शुरू, होने जा रहा बड़ा कार्यक्रम! • ड्रग्स तस्करों की खैर नहीं: हरियाणा में रिकॉर्ड जब्ती, 230% बढ़ी संपत्ति अटैचमेंट की रफ्तार • बिजली हड़ताल खत्म कराने में संकटमोचक बने अनिल विज, रात 2 बजे तक चला मंथन; HERC के फैसले के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की तैयारी • HTET Biometric Verification: 6 व 7 नवम्बर को होगी HTET-2025 बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन, अभ्यर्थी ये जरूरी दस्तावेज लाना न भूलें • पटाखों के अस्थायी लाइसेंस लेने वालों के लिए अहम खबर, इस तारीख तक करवा सकते हैं आवेदन • हरियाणा के भूजल उपयोगकर्ताओं को बड़ी राहत: सरकार ने बढ़ाई डेडलाइन और माफ की लेट फीस... आसानी से जमा करें चार्ज

राष्ट्रीय

भारत-न्यूजीलैंड एफटीए को विदेश मंत्री एस जयशंकर ने बताया 'ऐतिहासिक'

Updated on Monday, April 27, 2026 19:45 PM IST

नई दिल्ली : भारत और न्यूजीलैंड के बीच सोमवार को हुआ मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) आर्थिक सहयोग के एक नए दौर की शुरुआत करता है। यह समझौता न केवल व्यापार को आसान बनाएगा, बल्कि भारतीय निर्यातकों, उद्योगों और सेवा क्षेत्र के लिए अभूतपूर्व अवसर भी पैदा करेगा। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने इसे द्विपक्षीय संबंधों के लिए ऐतिहासिक करार दिया। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जयशंकर ने इस समझौते से मिलने वाले लाभ पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा, यह समझौता केवल व्यापारिक लेन-देन तक सीमित नहीं है, बल्कि दोनों देशों के बीच व्यापक आर्थिक सहयोग, रणनीतिक विश्वास और भविष्य की साझेदारी के नए आयाम खोलता है।


इस एफटीए के माध्यम से भारत और न्यूजीलैंड के बीच आर्थिक संबंधों को नई गति मिलने की उम्मीद है। व्यापार बाधाओं में कमी, टैरिफ में राहत और बाजार तक बेहतर पहुंच से दोनों देशों के निर्यातकों को बड़ा लाभ मिलेगा। भारतीय उत्पाद—विशेषकर कृषि, टेक्सटाइल, फार्मास्यूटिकल्स और आईटी सेवाओं—को न्यूजीलैंड के बाजार में अधिक प्रतिस्पर्धात्मक अवसर मिलेंगे, वहीं न्यूजीलैंड के डेयरी, कृषि और शिक्षा क्षेत्र को भारत में नए अवसर प्राप्त होंगे।
इस एफटीए की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि लागू होते ही भारत के 100 फीसदी वस्तु निर्यात पर शून्य शुल्क (जीरो ड्यूटी) लागू होगा। इसका मतलब है कि भारतीय उत्पाद अब न्यूजीलैंड के बाजार में बिना किसी टैरिफ बाधा के प्रवेश कर सकेंगे। साथ ही, सभी टैरिफ लाइनों पर शुल्क समाप्ति से व्यापारिक प्रक्रियाएं और अधिक सरल और पारदर्शी बनेंगी। निर्यात को बढ़ावा देने के लिए विदेशी व्यापार नीति के तहत फास्ट-ट्रैक मैकेनिज्म भी लागू किया जाएगा, जिससे इनपुट्स की उपलब्धता और सप्लाई चेन को मजबूती मिलेगी।


यह समझौता खास तौर पर किसानों, एमएसएमई, कारीगरों, महिलाओं और युवाओं के लिए गेम-चेंजर साबित हो सकता है। कृषि उत्पादों—जैसे फल, सब्जियां, कॉफी, मसाले और अनाज—को नए बाजार मिलेंगे, जिससे किसानों की आय में वृद्धि की संभावना है। वहीं, सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) को वैश्विक सप्लाई चेन से जुड़ने का अवसर मिलेगा, जिससे प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी।


रोजगार सृजन के लिहाज से भी यह एफटीए काफी महत्वपूर्ण है। श्रम-प्रधान क्षेत्रों—जैसे टेक्सटाइल, अपैरल, लेदर और फुटवियर—को बड़ा लाभ मिलने की उम्मीद है। इसके अलावा इंजीनियरिंग और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर—जैसे ऑटोमोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स, मशीनरी और प्लास्टिक्स—में भी निवेश और उत्पादन बढ़ेगा। फार्मास्यूटिकल्स और केमिकल्स जैसे क्षेत्रों को भी निर्यात विस्तार का अवसर मिलेगा।
सेवा क्षेत्र में यह समझौता नए आयाम खोलेगा।आईटी-आईटीईएस, वित्त, शिक्षा, पर्यटन और ऑडियो-विजुअल सेक्टर में सहयोग बढ़ेगा। भारत को एक कुशल कार्यबल (स्किल्ड वर्कफोर्स) के प्रमुख आपूर्तिकर्ता के रूप में स्थापित होने का अवसर मिलेगा। खास बात यह है कि भारतीय पेशेवरों और छात्रों के लिए अभूतपूर्व अवसर खुलेंगे।


इस समझौते के तहत 5,000 'अस्थायी रोजगार प्रवेश वीजा' भारतीय कुशल पेशेवरों के लिए उपलब्ध होंगे, जिनकी वैधता 3 वर्षों तक हो सकती है। इसके अलावा, 118 सेवा क्षेत्रों में बाजार पहुंच और लगभग 139 सेवा उप-क्षेत्रों में “मोस्ट फेवर्ड नेशन” का दर्जा भारत के सेवा निर्यात को नई ऊंचाइयों तक ले जा सकता है।
महिला और युवा उद्यमियों के लिए भी यह एफटीए बेहद लाभकारी साबित होगा। एसएमई सहयोग, इनक्यूबेटर, एक्सेलेरेटर और डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से उन्हें वैश्विक बाजार तक पहुंचने के नए अवसर मिलेंगे।

Have something to say? Post your comment
संयुक्त राष्ट्र दिवस पर भारत के विदेश मंत्री जयशंकर बोले, आज की दुनिया के मुताबिक बहुपक्षीय व्यवस्था में सुधार जरूरी

: संयुक्त राष्ट्र दिवस पर भारत के विदेश मंत्री जयशंकर बोले, आज की दुनिया के मुताबिक बहुपक्षीय व्यवस्था में सुधार जरूरी

प्रधानमंत्री मोदी ने आईटीबीपी के 65वें स्थापना दिवस के अवसर पर सभी जवानों को दी बधाई

: प्रधानमंत्री मोदी ने आईटीबीपी के 65वें स्थापना दिवस के अवसर पर सभी जवानों को दी बधाई

आरएमएल अस्पताल के 666 बेड वाले सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक को फायर सेफ्टी क्लीयरेंस

: आरएमएल अस्पताल के 666 बेड वाले सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक को फायर सेफ्टी क्लीयरेंस

वित्त मंत्री सीतारमण ने नई दिल्ली में वित्तीय स्थिरता एवं विकास परिषद की 30वीं बैठक की अध्यक्षता की

: वित्त मंत्री सीतारमण ने नई दिल्ली में वित्तीय स्थिरता एवं विकास परिषद की 30वीं बैठक की अध्यक्षता की

गृह मंत्रालय 12 राज्यों में 60,000 स्वयंसेवकों का नागरिक सुरक्षा नेटवर्क तैयार करेगा

: गृह मंत्रालय 12 राज्यों में 60,000 स्वयंसेवकों का नागरिक सुरक्षा नेटवर्क तैयार करेगा

दिल्ली के 48 गांवों को मिलेगा ‘शहरी’ दर्जा, रेखा गुप्ता सरकार ने विकास की दिशा में लिया ऐतिहासिक निर्णय

: दिल्ली के 48 गांवों को मिलेगा ‘शहरी’ दर्जा, रेखा गुप्ता सरकार ने विकास की दिशा में लिया ऐतिहासिक निर्णय

आर्मी कमांडर्स कांफ्रेंस में भविष्य के युद्धों पर मंथन, ‘लैंड वॉरफेयर डॉक्ट्रिन’ जारी

: आर्मी कमांडर्स कांफ्रेंस में भविष्य के युद्धों पर मंथन, ‘लैंड वॉरफेयर डॉक्ट्रिन’ जारी

भारत यूरोप को रक्षा सामान निर्यात करने वाला तीसरा सबसे बड़ा देश बना: रक्षा सचिव

: भारत यूरोप को रक्षा सामान निर्यात करने वाला तीसरा सबसे बड़ा देश बना: रक्षा सचिव

दिवाली-छठ पर सुरक्षित यात्रा के लिए रेलवे की बड़ी तैयारी, भीड़ प्रबंधन पर जीआरपी-आरपीएफ ने बनाई रणनीति

: दिवाली-छठ पर सुरक्षित यात्रा के लिए रेलवे की बड़ी तैयारी, भीड़ प्रबंधन पर जीआरपी-आरपीएफ ने बनाई रणनीति

दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण का स्तर बढ़ते ही क्यों लागू होता है 'ग्रैप' प्लान, जानिए किस स्टेज पर लगती हैं कौन-सी पाबंदियां

: दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण का स्तर बढ़ते ही क्यों लागू होता है 'ग्रैप' प्लान, जानिए किस स्टेज पर लगती हैं कौन-सी पाबंदियां

X