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स्वास्थ्य

दिनभर कुर्सी पर बैठे रहना दिल के लिए बन सकता है खतरा, जाने सेहत पर कैसे डालता है असर

Updated on Thursday, August 27, 2026 17:10 PM IST

आज के समय में लंबे समय तक एक ही जगह बैठकर काम करने की आदत बनती जा रही है। काम शुरू करने के बाद कई लोग लगातार घंटों बीत जाने के बाद भी कुर्सी से उठते नहीं हैं। बीच में खाना, चाय और फोन जैसी चीजें भी अक्सर बैठे-बैठे ही हो जाती हैं। बाहर से देखने पर यह दिनचर्या आरामदायक लग सकती है, लेकिन शरीर के लिए लगातार कम एक्टिव रहना अच्छी बात नहीं है। कई वैज्ञानिक रिसर्च में लंबे समय तक बैठे रहने और दिल से जुड़ी बीमारियों के बीच संबंध पाया गया है।

जब हम लंबे समय तक बैठे रहते हैं, तो हमारा शरीर बहुत कम काम करता है। पैरों और शरीर की दूसरी मांसपेशियां भी ज्यादा नहीं चलतीं। ऐसे में शरीर जितनी ऊर्जा चलने-फिरने के दौरान खर्च करता है, उतनी बैठने पर नहीं करता। अगर यह आदत रोज बनी रहे तो वजन बढ़ सकता है, ब्लड प्रेशर बढ़ सकता है और ब्लड शुगर को संभालना भी मुश्किल हो सकता है। ये सभी चीजें लंबे समय में दिल की बीमारी का खतरा बढ़ा सकती हैं। विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने भी लोगों को लंबे समय तक बैठे रहने का समय कम करने और दिन में ज्यादा एक्टिव रहने की सलाह दी है।

लंबे समय तक बैठे रहने और दिल की बीमारी के बीच संबंध को लेकर कई रिसर्च हुई हैं। 2024 में प्रकाशित एक रिसर्च में करीब 4.8 लाख लोगों के आंकड़ों का विश्लेषण किया गया। इसमें पाया गया कि जो लोग काम के दौरान ज्यादातर समय बैठे रहते थे, उनमें दिल की बीमारी से मौत का खतरा उन लोगों की तुलना में ज्यादा था जो काम के दौरान कम बैठते थे। रिसर्च में यह भी सामने आया कि रोजाना थोड़ी ज्यादा शारीरिक गतिविधि करने से इस खतरे को कम करने में मदद मिल सकती है।

बता दें कि दिल की बीमारी का खतरा उम्र, वजन, ब्लड प्रेशर, डायबिटीज, धूम्रपान और खान-पान जैसी कई चीजों पर भी निर्भर करता है। समस्या तब ज्यादा बढ़ सकती है, जब लंबे समय तक बैठने के साथ चलना-फिरना भी बहुत कम हो।

कई घंटे एक ही जगह बैठे रहने से पैरों की मांसपेशियां ज्यादा काम नहीं करतीं। कुछ लोगों को लंबे समय तक बैठने के बाद पैरों में भारीपन, अकड़न या हल्की सूजन महसूस हो सकती है। यही कारण है कि काम के बीच थोड़ी देर उठना और चलना शरीर के लिए अच्छा माना जाता है। बार-बार छोटे ब्रेक लेने से शरीर लंबे समय तक एक ही स्थिति में नहीं रहता।

बैठकर काम करने में शरीर बहुत कम कैलोरी खर्च करता है। अगर कोई व्यक्ति पूरे दिन बैठा रहता है और साथ में ज्यादा तला-भुना, मीठा या ज्यादा कैलोरी वाला खाना खाता है, तो उसका वजन बढ़ सकता है। ज्यादा वजन होने से ब्लड प्रेशर और डायबिटीज जैसी समस्याओं का खतरा भी बढ़ सकता है।

अगर कोई व्यक्ति सुबह या शाम एक्सरसाइज करता है और बाकी पूरा दिन लगातार कुर्सी पर बैठे रहता है, तो यह भी सेहत के लिए नुकसानदायक है। रिसर्च में यह बात सामने आई है कि रोजाना एक्सरसाइज के साथ दिनभर में छोटी-छोटी शारीरिक गतिविधियां भी जरूरी हैं।

अगर आपका काम कंप्यूटर या लैपटॉप पर बैठकर करने वाला है, तो कुछ आसान आदतें अपनाई जा सकती हैं। कोशिश करें कि लंबे समय तक लगातार बैठे न रहें। कुछ देर काम करने के बाद कुर्सी से उठें और थोड़ा चलें। फोन पर बात करते समय खड़े हो सकते हैं। पानी पीने के लिए अपनी सीट से उठकर जाएं। लंच के बाद कुछ मिनट पैदल चलें। अगर ऑफिस में सीढ़ियां इस्तेमाल करना आसान है, तो कभी-कभी लिफ्ट की जगह सीढ़ियों का इस्तेमाल करें। काम के बीच पैरों और शरीर को हल्का खींचना भी अच्छा रहेगा।

 

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