पंचकूला : राष्ट्रीय आयुर्वेद संस्थान (एनआईए), पंचकूला में निशुल्क स्वर्णप्राशन शिविर आयोजित किया गया। एनआईए की ओर से 11वें आयुर्वेद दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित स्वर्णप्राशन शिविर में बड़ी संख्या में बच्चों को स्वर्णप्राशन दवा पिलाई गई है। आयुष मंत्रालय भारत सरकार के तत्वाधान में संस्थान के कुलपति प्रोफेसर डॉ. संजीव शर्मा और डीन प्रोफेसर गुलाब चंद पमनानी के मार्गदर्शन में कौमारभृत्य विभाग की ओर से आयोजित पहल का उद्देश्य बच्चों के स्वास्थ्य, स्वस्थ वृद्धि एवं समग्र विकास के प्रति अभिभावकों को आयुर्वेद आधारित बाल स्वास्थ्य पद्धतियों के बारे में जागरूक करना है। एनआईए के डीन इंचार्ज प्रोफेसर सतीश गंधर्व एवं डीएमएस डॉ. गौरव गर्ग के निर्देशानुसार आयोजित शिविर में कौमारभृत्य विभाग की असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. अपर्णा दिलीप द्वारा अभिभावकों को बच्चों के स्वास्थ्य के प्रति जागरूक किया गया। असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. अपर्णा दिलीप ने बताया कि एनआईए में सितंबर माह के दौरान 12 और 19 सितंबर को स्वर्णप्राशन शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इन शिविरों में 6 माह से 16 वर्ष तक के बच्चों को निःशुल्क स्वर्णप्राशन की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
शिविर का आयोजन आर्य वैद्यशाला कोट्टक्कल के सहयोग से किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि स्वर्णप्राशन रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में महत्वपूर्ण है। नियमित रूप से स्वर्णप्राशन के सेवन से बच्चों की रोग प्रतिरोधक क्षमता, शक्ति, भूख और स्वास्थ्य में सुधार होता है। इसका उद्देश्य बच्चों की स्वस्थ वृद्धि, विकास और समग्र स्वास्थ्य को बढ़ावा देना है। शिविर के माध्यम से अभिभावकों को बच्चों के लिए निवारक स्वास्थ्य देखभाल में आयुर्वेद की भूमिका से भी अवगत कराया जा रहा है।