Monday, 19 October 2026
BREAKING
• हसनपुर के एमआर स्कूल में लगेगा कृषि मेला, फल-सब्जी की खेती, डेयरी और मछली पालन से किसानों की आय बढ़ाने पर रहेगा जोर : ओमप्रकाश धनखड़ • संत नामदेव जी की शिक्षाएं मानवता, समानता और श्रम के सम्मान का संदेश देती हैं : नायब सिंह सैनी • ऊर्जा मंत्री अनिल विज की कार्यशैली से प्रभावित होकर वार्ड छह के पार्षद संदीप शर्मा व आशुतोष सहित सैकड़ों लोगों ने भाजपा का दामन थामा • हरियाणा में जम्मू-कश्मीर जा रही बस पर हमले के बाद उमर अब्दुल्ला ने सख्त कार्रवाई की मांग की • कुरुक्षेत्र में कश्मीरी स्लीपर बस पर हमले से भड़के ट्रांसपोर्टर, बोले-यहां होता तो हम जेल में होते • भिवानी में भजन संध्या…ऐसी लागी लगन मीरा हो गई मगन,वो तो गली गली हरि गुण गाने लगी • अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने के लिए उत्तराखंड में 22 अक्टूबर से न्याय यात्रा निकालेगी कांग्रेस : कुमारी सैलजा • परविंदर सिंह झोटा के पिता का संघर्ष सराहनीय, ये पूरे पंजाब की लड़ाई : परगट सिंह • अमित शाह 20 अक्टूबर को करेंगे पंजाब का दौरा, बिट्टू बोले- 'राज्य को नशा-मुक्त बनाने के लिए साथ दे जनता' • कनाडा में HPGA ने मनाया कुल्लू दशहरा, वर्चुअली जुड़े CM सुक्खू; विदेशी धरती पर परोसी गई हिमाचली धाम

हिमाचल प्रदेश

तीन साल में 3823 बार धधके हिमाचल के जंगल, कांगड़ा-शिमला सबसे ज्यादा प्रभावित

Updated on Sunday, April 26, 2026 18:48 PM IST

प्रदेश के जंगलों में आग की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। सरकारी आंकड़ों के अनुसार पिछले तीन वर्षों में 31 जनवरी 2026 तक प्रदेश में 3823 बार जंगलों में आग लगी। जिससे 48,947.335 हेक्टेयर वन क्षेत्र प्रभावित हुआ। जंगलों को बचाने के भरसक प्रयासों के बाद भी जंगलों में आग की घटनाएं चिंता बढ़ा रही हैं। जिसके चलते विभाग ने बड़े पैमाने पर लोगों को जागरूक करने का अभियान भी छेड़ रखा है और फील्ड स्टाफ गांव-गांव पहुंच कर इसके प्रभावों से भी जनता को अवगत करवा रहा है। विभागीय आंकड़ों के तहत तीन वर्षों में सबसे ज्यादा नुकसान वर्ष 2024-25 में हुआ। इस दौरान प्रदेश में 2608 आग की घटनाएं दर्ज की गई और 30,993.785 हेक्टेयर वन क्षेत्र आग की चपेट में आया।

यह तीन साल का सबसे बड़ा आंकड़ा है। इससे पहले वर्ष 2023-24 में 685 घटनाएं हुई थीं, जिनमें 10,576 हेक्टेयर क्षेत्र प्रभावित हुआ था, वहीं वर्ष 2025-26 में 31 जनवरी तक ही 530 घटनाएं दर्ज हुई और 7377.55 हेक्टेयर जंगल प्रभावित हुआ। लिहाजा अब प्रदेश में फायर सीजन आरंभ हो चुका है और राज्य के अलग-अलग हिस्सों से जंगलों में आग लगने की घटनाएं भी सामने आ रही है। जिला वार आंकड़ों पर नजर डालें तो वर्ष 2024-25 में कांगड़ा जिला सबसे ज्यादा प्रभावित जिलों में शामिल है। यहां पर 640 घटनाएं हुईं। धर्मशाला, पालमपुर, देहरा और नूरपुर वन मंडलों में सबसे ज्यादा आग लगी। इसी तरह शिमला जिला में 309 घटनाएं दर्ज हुईं। रोहड़ू, चौपाल, ठियोग और शिमला क्षेत्र में सबसे अधिक नुकसान हुआ।

वर्ष 2024-25 में मंडी जिला भी आग की घटनाओं से अछूता नहीं रहा। यहां 2024-25 में 374 घटनाएं दर्ज हुई। मंडी, जोगिंद्रनगर, करसोग और सुकेत क्षेत्र सबसे ज्यादा प्रभावित रहे। चंबा में 281 घटनाएं हुईं, जहां डलहौजी, चंबा और चुराह मंडलों में आग ज्यादा लगी। सोलन जिला में 316 घटनाएं सामने आईं, जिनमें नालागढ़, कुनिहार और सोलन वन मंडल प्रमुख रहे। जंगलों में आग की बजह से वन्य प्राणियों को भी भारी नुक्सान पहुंचा है। लेकिन इसका आंकलन संभव नहीं है कि वन्यजीवों को कितना नुकसान हुआ। जंगलों की आग में पक्षी, छोटे जानवर, सरीसृप और कई जीव-जंतु जलकर मर जाते हैं। इसके अलावा पेड़-पौधों, नई वनस्पति और मिट्टी की गुणवत्ता पर भी असर पड़ता है। हालांकि वन विभाग की मुस्तैदी के चलते वर्ष 2025-26 में जंगलों में आग की घटनाएं कम हुई है। वन विभाग का कहना है कि जंगलों में आग रोकने के लिए फॉरेस्ट सर्वे आफ इंडिया के फायर अलर्ट सिस्टम का उपयोग किया जा रहा है। इसके साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को जागरूक करने के लिए अभियान भी चला रखे है।

उधर, प्रिंसिपल चीफ कंजरवेटर ऑफ फॉरेस्ट डा. संजय सूद का कहना है कि फायर सीजन के मध्यनजर वन विभाग जंगलों में आग की घटनाओं को रोकने के लिए पूरी तरह से मुस्तैद है। फायर सीजन के मध्यनजर सभी वन मंडलों को दिशा-निर्देश पूर्व में ही जारी कर दिए है। उन्होंने लोगों से भी अपील की है कि वह विभाग के सहयोग करें और जंगल में आग की स्थिति में तुरंत सूचना दें और इस पर नियंत्रण पाने के लिए विभाग का पूरा सहयोग करें।

 

Have something to say? Post your comment
कनाडा में HPGA ने मनाया कुल्लू दशहरा, वर्चुअली जुड़े CM सुक्खू; विदेशी धरती पर परोसी गई हिमाचली धाम

: कनाडा में HPGA ने मनाया कुल्लू दशहरा, वर्चुअली जुड़े CM सुक्खू; विदेशी धरती पर परोसी गई हिमाचली धाम

Shimla: नशे के खिलाफ प्रहार, 8,250 से अधिक गिरफ्तार, 37 सरकारी कर्मचारी बर्खास्त

: Shimla: नशे के खिलाफ प्रहार, 8,250 से अधिक गिरफ्तार, 37 सरकारी कर्मचारी बर्खास्त

​Chamba : देश में अराजकता का माहौल बना रही कांग्रेस, सरकार को अस्थिर करने की नाकाम कोशिश : जयराम

: ​Chamba : देश में अराजकता का माहौल बना रही कांग्रेस, सरकार को अस्थिर करने की नाकाम कोशिश : जयराम

Shimla: दीवाली से पहले मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलें फिर तेज, CM सुक्खू अचानक दिल्ली रवाना

: Shimla: दीवाली से पहले मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलें फिर तेज, CM सुक्खू अचानक दिल्ली रवाना

जवाहर नवोदय विद्यालय में कक्षा 9वीं व 11वीं में प्रवेश के लिए आवेदन की अंतिम तिथि 22 अक्टूबर तक बढ़ी

: जवाहर नवोदय विद्यालय में कक्षा 9वीं व 11वीं में प्रवेश के लिए आवेदन की अंतिम तिथि 22 अक्टूबर तक बढ़ी

बांग्लादेश मॉडल का महिमामंडन करने वालों पर राहुल गांधी चुप क्यों, कांग्रेस देश को दे जवाब : डॉ. सीमा ठाकुर

: बांग्लादेश मॉडल का महिमामंडन करने वालों पर राहुल गांधी चुप क्यों, कांग्रेस देश को दे जवाब : डॉ. सीमा ठाकुर

सारी योजनाएं बंद करके, गारंटियां भूल नए जिले बनाने का शिगूफा छोड़ रहे हैं मुख्यमंत्री : जयराम ठाकुर

: सारी योजनाएं बंद करके, गारंटियां भूल नए जिले बनाने का शिगूफा छोड़ रहे हैं मुख्यमंत्री : जयराम ठाकुर

पलमपुर में अखिल भारतीय वरिष्ठ नागरिक महासंघ प्रतिनिधिमंडल ने शांता कुमार जी से की मुलाकात

: पलमपुर में अखिल भारतीय वरिष्ठ नागरिक महासंघ प्रतिनिधिमंडल ने शांता कुमार जी से की मुलाकात

Himachal: नए जिलों के मुद्दे पर CM सुक्खू पर जमकर बरसे जयराम ठाकुर, राहुल गांधी पर भी साधा निशाना

: Himachal: नए जिलों के मुद्दे पर CM सुक्खू पर जमकर बरसे जयराम ठाकुर, राहुल गांधी पर भी साधा निशाना

'कांग्रेस के कार्यकाल में हुए विकास कार्यों को रद्द करने का सपना देख रहे जयराम', CM सुक्खू ने विपक्ष पर साधा निशाना

: 'कांग्रेस के कार्यकाल में हुए विकास कार्यों को रद्द करने का सपना देख रहे जयराम', CM सुक्खू ने विपक्ष पर साधा निशाना

X