चंडीगढ़, 4 सितंबर: पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी की ओर से आज पंजाब कांग्रेस भवन में वरिष्ठ कांग्रेस नेता हरदीप सिंह किंगरा ने पंजाब कांग्रेस के एससी विभाग के चेयरमैन गुरप्रीत सिंह लक्की पक्खो सहित पत्रकारों को संबोधित किया। किंगरा ने ऐलान किया कि कांग्रेस डीए और पुरानी पेंशन के प्रति पंजाब सरकार की बेरुखी और जुल्म के खिलाफ 8 सितंबर को सुबह 10:30 बजे एक विशाल रोष मार्च निकालेगी। प्रदर्शनकारी पंजाब कांग्रेस भवन, चंडीगढ़ में एकत्रित होंगे और वहां से डिप्टी कमिश्नर कार्यालय के साथ-साथ मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर कूच करेंगे।
पंजाब में पुलिस की धक्केशाही का जिक्र करते हुए किंगरा ने सुनाम के गांव शेरों में मुख्यमंत्री भगवंत मान के एक सार्वजनिक कार्यक्रम के दौरान घटी चौंकाने वाली घटनाओं का पर्दाफाश किया। उन्होंने बताया कि सिर्फ शासन प्रबंध के बारे में सवाल पूछने के बदले एक स्थानीय सिख युवक मोहनजीत सिंह को हिरासत में लेकर बेरहमी से पीटा गया और करंट लगाने, जख्मों पर नमक छिड़कने तथा दाढ़ी के बाल नोचने जैसी अमानवीय और थर्ड-डिग्री यातनाएं दी गईं। मानवाधिकारों और सिख धार्मिक भावनाओं पर हुए इस हमले की कड़ी निंदा करते हुए पंजाब कांग्रेस नेतृत्व ने इस घटना की सीबीआई से तुरंत और निष्पक्ष जांच करवाने तथा इसमें शामिल सभी दोषी पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को तुरंत निलंबित करके उनके खिलाफ आपराधिक मामले दर्ज करने की जोरदार मांग की।
प्रशासन को खोखला कर रहे गहरे भ्रष्टाचार को बेनकाब करते हुए किंगरा ने करोड़ों रुपये के आबकारी और शराब नीति घोटाले को लेकर सरकार को घेरा। उन्होंने आरोप लगाया कि गैर-कानूनी डिस्टिलरी नेटवर्क के जरिए सरकारी खजाने को सीधा चूना लगाकर 300 करोड़ रुपये से अधिक का नाजायज मुनाफा कमाया गया।
उन्होंने मुख्यमंत्री भगवंत मान के ओएसडी राजबीर सिंह घुमाण के खिलाफ केंद्रीय एजेंसियों द्वारा हाई कोर्ट में पेश किए गए डिजिटल सबूतों का हवाला देते हुए आईएएस, आईपीएस, पीसीएस और डीएसपी अधिकारियों के तबादलों के लिए चल रहे "कैश-फॉर-ट्रांसफर" सिंडिकेट और गोपनीय कैबिनेट फाइलें लीक करने के आरोप लगाए।